भय ही पराधीनता है, निर्भयता ही स्वराज्य है। - प्रेमचंद।

विनोद मैहरा बेचैन साहित्य Hindi Literature Collections

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विनोद मैहरा बेचैन

री कितणी फोटो स्टेट सै | हरियाणवी ग़ज़ल

तेरी कितणी फोटो स्टेट सै इस धरती पै गिणा दे
तू रहवे सै किस जगह ओये भगवान पर्दा उठा दे
यो तेरा भगत तो तेरी छवि कई शक्ल में देखे सै
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विनोद मैहरा बेचैन का जीवन परिचय (Biography)

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